नन्हे हाथों का जादुई स्पर्श: क्ले मॉडलिंग में बच्चों ने मिट्टी से उकेरी कल्पना, लवलीन और जापनीत बने विनर
मिलेनियम स्कूल में पहली और दूसरी कक्षा के बच्चों की रचनात्मकता देख दंग रह गए शिक्षक; आत्मविश्वास और कला का दिखा संगम।
डबवाली:मिलेनियम स्कूल परिसर में उस समय रचनात्मकता का सैलाब उमड़ पड़ा, जब कक्षा पहली और दूसरी के नन्हे विद्यार्थियों ने रंग-बिरंगी मिट्टी (क्ले) से अपनी कल्पनाओं को जीवंत कर दिया। अवसर था स्कूल द्वारा आयोजित भव्य 'क्ले मॉडलिंग प्रतियोगिता' का, जिसमें बच्चों ने न केवल खिलौने बनाए, बल्कि अपनी एकाग्रता और सूक्ष्म मोटर स्किल्स (Fine Motor Skills) का भी लोहा मनवाया।
प्रतियोगिता के दौरान स्कूल का वातावरण उत्साह और उमंग से सराबोर था। छोटे-छोटे हाथों ने सीमित समय में ऐसी सजीव आकृतियां बनाईं कि निर्णायक मंडल भी अचंभित रह गया। किसी ने प्रकृति को मिट्टी में उतारा तो किसी ने पसंदीदा कार्टून पात्रों को आकार दिया।
विजेताओं की सूची:
कक्षा 1 (A): लवलीन कौर (प्रथम), सुहानी (द्वितीय), अमायरा, शिव्यांश, तनवीर व प्रणव (तृतीय)।
कक्षा 1 (B): तनवीर कौर (प्रथम), दर्शिका (द्वितीय), तुषानवीर व जतिन (तृतीय)।
कक्षा 1 (C): गुरजोत सिंह (प्रथम), हुसैना (द्वितीय), प्रभदीप व सतकीरत (तृतीय)।
कक्षा 2 (A): जापनीत मान (प्रथम), इमानत कौर (द्वितीय), मनसीरत कौर (तृतीय)।
कक्षा 2 (B): समरवीर (प्रथम), एंजेल (द्वितीय), वारिस व विहान (तृतीय)।
विद्यालय के निदेशक ने बच्चों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसी गतिविधियां बच्चों के मानसिक और भावनात्मक विकास की नींव रखती हैं। उप-प्रधानाचार्य श्री निधीश वी. जे. ने सभी को बधाई देते हुए कहा, "मिलेनियम स्कूल का लक्ष्य केवल किताबी ज्ञान देना नहीं, बल्कि बच्चों की कल्पनाओं को पंख देना भी है।"




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